पुलिस ने किया सनसनीखेज खुलासा
पानीपत। नंगला-आर गांव में एक पारिवारिक रंजिश ने खून का रिश्ता शर्मसार कर दिया। 54 वर्षीय सुखदेई की हत्या के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि इस वारदात को मृतका की देवरानी कृष्णा ने अपने नाबालिग बेटे के साथ मिलकर अंजाम दिया। हत्या के पीछे घर के भीतर चल रहा पुराना विवाद कारण बना। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से हत्या में इस्तेमाल चाकू और सोने के आभूषण बरामद किए हैं।
एसपी ने बताया पूरा मामला
पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह ने रविवार को प्रेस वार्ता में बताया कि शनिवार शाम सनौली खुर्द थाना क्षेत्र में सुखदेई की हत्या की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस और सीआईए टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। शुरू में नाबालिग आरोपी ने लूटपाट के इरादे से हत्या करने की बात कही, लेकिन पूछताछ में उसके बयान पर संदेह हुआ। कड़ी पूछताछ में उसने सच उजागर किया कि उसने अपनी मां कृष्णा के कहने पर ही यह हत्या की थी।
घर की बात ने लिया खूनी मोड़
पुलिस जांच में सामने आया कि सुखदेई और कृष्णा के बीच घरेलू विवाद को लेकर कई दिनों से तनाव चल रहा था। इसी रंजिश में कृष्णा ने अपने बेटे के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई। वारदात के दिन नाबालिग ने रसोई में इस्तेमाल होने वाले चाकू से सुखदेई पर सात वार किए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतका के सिर, छाती और पीठ पर गहरे घाव मिले।
परिजनों को नहीं थी भनक
मृतका के पति मुन्नीराम ने बताया कि वे उस दिन अपनी बेटी के साथ बाजार गए हुए थे। लौटने पर घर के भीतर सुखदेई खून से लथपथ पड़ी मिलीं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सात चाकू के घावों की पुष्टि हुई है।
त्वरित पुलिस कार्रवाई
सीआईए-वन टीम ने सुरागों के आधार पर कृष्णा और उसके नाबालिग बेटे को बबैल गांव के पास से गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से चाकू, सोने की चेन और कान की बाली बरामद हुई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। नाबालिग को किशोर सुधार गृह भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जबकि कृष्णा को न्यायालय में पेश किया गया।







