दिल्ली- दिल्ली के शाहदरा जिले के मानसरोवर पार्क स्थित राम नगर एक्सटेंशन में एक बुजुर्ग दंपती की हत्या से इलाके में सनसनी फैल गई है। पुलिस की शुरुआती जांच में यह सामने आया है कि वारदात को अंजाम देने वाला कोई बाहरी नहीं, बल्कि परिवार या परिचितों के दायरे से जुड़ा व्यक्ति हो सकता है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मृतक दंपती किसी अनजान व्यक्ति के लिए दरवाजा नहीं खोलते थे। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि हत्यारे किसी जान-पहचान वाले के रूप में ही घर में दाखिल हुए होंगे। यही कारण है कि इस दोहरे हत्याकांड को ‘फ्रेंडली एंट्री’ मानकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
सीसीटीवी फुटेज में संदिग्ध गतिविधि, तीन लोगों पर शक
जांच के दौरान गली में लगे एक पड़ोसी के सीसीटीवी कैमरे में कुछ संदिग्ध नजर आए हैं। फुटेज में सफेद स्कूटी से आए दो युवक और मास्क लगाए, नीले दस्ताने पहने एक तीसरा व्यक्ति दिखाई दे रहा है। पुलिस ने फुटेज को कब्जे में लेकर आरोपियों की पहचान के प्रयास तेज कर दिए हैं।
पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि वारदात के समय घर में टीवी की आवाज काफी तेज कर दी गई थी। टीवी पर गाने चल रहे थे, जिससे चीख-पुकार की आवाज बाहर तक नहीं पहुंच सकी और पड़ोसियों को किसी अनहोनी की भनक तक नहीं लगी।
गहने गायब, अलमारी सुरक्षित
मृतका परवेश बंसल के कानों के कुंडल, कंगन और मंगलसूत्र गायब पाए गए हैं। हालांकि घर की अलमारी में रखा बाकी सामान सुरक्षित मिला है। पुलिस का मानना है कि जल्दबाजी में आरोपी केवल वही सामान ले गए, जो आसानी से हाथ लग गया।
परिजनों के अनुसार हत्या के पीछे लूटपाट की मंशा से इनकार नहीं किया जा सकता, लेकिन कई अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
बेटे से पूछताछ, आर्थिक तनाव की भी जांच
सूत्रों के मुताबिक मृतक दंपती के बेटे वैभव बंसल से भी पुलिस पूछताछ कर रही है। बताया जा रहा है कि वैभव को हाल के दिनों में शेयर बाजार में भारी नुकसान हुआ था और वह इसकी भरपाई के लिए माता-पिता से पैसे मांग रहा था। हालांकि पुलिस अधिकारी इस बिंदु पर आधिकारिक तौर पर कुछ कहने से बच रहे हैं।
इमारत की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
घटना स्थल की इमारत 230 गज के प्लॉट पर बनी है, जिसमें आठ फ्लैट हैं और सभी में अलग-अलग परिवार रहते हैं। हर फ्लैट के बाहर सीसीटीवी कैमरे लगे थे, लेकिन तीन महीने पहले मरम्मत कार्य के दौरान कैमरों के तार कट गए थे, जिसके बाद से वे बंद थे।
पड़ोसियों ने बताया कि रात करीब 10:30 बजे मुख्य गेट बंद कर दिया जाता है। आशंका है कि आरोपी लिफ्ट के जरिए ऊपर पहुंचे। लिफ्ट में आने-जाने वाले कुछ लोगों की गतिविधियां भी कैमरों में कैद हुई हैं।
शनिवार रात हुआ खुलासा
शनिवार देर रात जब इकलौता बेटा वैभव घर पहुंचा, तो उसने अंदर मां को एक कमरे में फर्श पर अचेत और पिता को दूसरे कमरे में खून से लथपथ हालत में पाया। शोर सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी गई।
मृतकों की पहचान 75 वर्षीय सेवानिवृत्त शिक्षक विरेंद्र कुमार बंसल और उनकी पत्नी परवेश बंसल (65) के रूप में हुई है। शुरुआती जांच में परवेश बंसल की मौत गला घोंटने से और विरेंद्र बंसल की मौत सिर व चेहरे पर भारी वस्तु से वार के कारण मानी जा रही है।
इलाके में दहशत, लोगों ने उठाए सवाल
घटना की खबर फैलते ही इलाके में भीड़ जुट गई। स्थानीय लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए और कहा कि क्षेत्र में चोरी, छीना-झपटी की घटनाएं आम हो चुकी हैं, लेकिन पुलिस की सख्ती नजर नहीं आती।
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और परिजनों से पूछताछ के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही हत्याकांड का खुलासा कर लिया जाएगा।







