नई दिल्ली- दिल्ली पुलिस में तैनात महिला कर्मी की संदिग्ध मौत के मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मृतका के परिजनों ने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उनकी बेटी लंबे समय से पारिवारिक तनाव और घरेलू कलह से जूझ रही थी। परिवार का दावा है कि शादी के बाद से ही उसे मानसिक और भावनात्मक दबाव में रखा जा रहा था।
मृतका के परिजनों के अनुसार, प्रेम विवाह के बाद रिश्तों में कड़वाहट बढ़ती चली गई। ससुराल पक्ष द्वारा बार-बार ताने दिए जाते थे, जिससे वह भीतर ही भीतर टूटने लगी थी। परिजनों का कहना है कि कई बार उसने हालात को संभालने की कोशिश की, लेकिन तनाव कम होने के बजाय बढ़ता गया।
परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि मृतका पर आर्थिक जिम्मेदारियों का अनावश्यक बोझ डाला गया था। घर के खर्च, पारिवारिक आयोजनों और अन्य जरूरतों के लिए उससे लगातार पैसे देने का दबाव बनाया जाता था। इन हालातों ने उसके मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर डाला।
घटना वाली रात मृतका ने अपने मायके पक्ष से बातचीत के दौरान परेशानी और घबराहट जाहिर की थी। इसके कुछ समय बाद उसके घायल होने की सूचना मिली। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उसे ब्रेन डेड घोषित कर दिया। कुछ दिन बाद इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।
मामले की सूचना मिलने पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। परिजनों की शिकायत के आधार पर ससुराल पक्ष से जुड़े लोगों से पूछताछ की जा रही है। अंतिम संस्कार पैतृक गांव में किया गया, जहां बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। स्थानीय लोगों और परिजनों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।







