गाजियाबाद- जिले के कविनगर, सिहानी गेट और विजयनगर थाना क्षेत्रों में तीन अलग-अलग मामलों में तीन युवकों ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतकों की पहचान सचिन राठौर, सचिन वाल्मीकि और शाकिर के रूप में हुई है। पुलिस ने तीनों के शवों का पोस्टमार्टम कराकर उन्हें परिजनों के हवाले कर दिया है।
सिहानी गेट: नशे में दी धमकी, कुछ देर बाद मिला शव
सिहानी गेट थाना क्षेत्र के जटवाड़ा मोहल्ले में बुधवार रात लगभग आठ बजे 26 वर्षीय सचिन वाल्मीकि का शव उसके कमरे में फंदे से लटका मिला।
पुलिस के अनुसार, सचिन शराब का आदी था और अपने परिवार से अलग रह रहा था। बुधवार को उसने नशे की हालत में अपने रिश्तेदारों को कॉल कर आत्महत्या की धमकी दी थी। जब उसकी भाभी पटेल नगर से उसे समझाने पहुंची, तो कमरा अंदर से बंद था। खिड़की से झांकने पर सचिन का शव लटकता हुआ नजर आया।
पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव बाहर निकाला और आवश्यक कार्रवाई के बाद परिजनों को सौंप दिया।
कविनगर: घरेलू विवाद बना कारण
दूसरा मामला कविनगर थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर से सामने आया, जहां 27 वर्षीय सचिन राठौर ने अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी।
कविनगर के एसीपी भास्कर वर्मा के अनुसार, सचिन मेरठ की एक सीमेंट कंपनी में कार्यरत था। परिजनों ने बताया कि घरेलू विवाद के चलते वह मानसिक तनाव में था। गुरुवार सुबह जब परिजन उसे जगाने पहुंचे, तो उसका शव पंखे से लटका मिला।
विजयनगर: पति-पत्नी के झगड़े के बाद उठाया आत्मघाती कदम
तीसरी घटना विजयनगर थाना क्षेत्र की कांशीराम कॉलोनी की है, जहां 28 वर्षीय मजदूर शाकिर ने पत्नी से कहासुनी के बाद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
नगर कोतवाली एसीपी रितेश त्रिपाठी ने बताया कि शाकिर दिहाड़ी मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। गुरुवार सुबह पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद वह कमरे में गया और दुपट्टे से फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस जांच जारी, परिजनों ने नहीं दी कोई तहरीर
तीनों मामलों में पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शवों को परिजनों को सौंप दिया है। अब तक किसी भी परिवार की ओर से थानों में औपचारिक शिकायत (तहरीर) नहीं दी गई है। पुलिस सभी मामलों की पड़ताल कर रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आत्महत्या के पीछे और क्या कारण थे।







