हापुड़। उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में सूटकेस में मिले युवती के कंकाल की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने एक खौफनाक अपराध का पर्दाफाश किया है। पिलखुवा थाना क्षेत्र में सामने आए इस मामले में पुलिस ने एक दंपती को गिरफ्तार किया है, जिन पर युवती के साथ दुष्कर्म के बाद निर्मम हत्या कर शव ठिकाने लगाने का आरोप है। जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने अपराध छिपाने के लिए न केवल हत्या की, बल्कि गवाहों को चुप कराने के लिए भी गंभीर अपराध किए।
ऐसे हुआ मामले का खुलासा
पिलखुवा क्षेत्र में रामा अस्पताल के पास गन्ने के खेत से एक सूटकेस में युवती का कंकाल बरामद हुआ था। पहचान न हो पाने के कारण पुलिस ने स्वॉट टीम के साथ मिलकर जांच तेज की और दिल्ली-एनसीआर तक तलाश बढ़ाई। पोस्टर और स्थानीय थानों से संपर्क के दौरान एक अहम सुराग हाथ लगा, जिससे मृतका की पहचान झारखंड निवासी युवती के रूप में हुई।
दिल्ली से जुड़ा सुराग बना जांच की कड़ी
जांच के दौरान पुलिस दिल्ली के विवेक विहार थाना पहुंची, जहां एक कारोबारी द्वारा दर्ज कराई गई गुमशुदगी की जानकारी मिली। कारोबारी ने बताया कि उसके यहां काम करने वाली एक घरेलू सहायिका डरी हुई है और उसने एक हत्या की वारदात देखी थी। इस बयान के बाद पुलिस ने मामले की कड़ियां जोड़ते हुए आरोपियों तक पहुंच बनाई।
दंपती की गिरफ्तारी, सनसनीखेज खुलासे
पुलिस ने पिलखुवा के डूहरी कट क्षेत्र से अंकित कुमार और उसकी पत्नी कलिस्ता उर्फ काली को गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने आया कि दोनों झारखंड की महिलाओं को घरेलू काम दिलाने के नाम पर दिल्ली-एनसीआर लाते थे। आरोप है कि अंकित ने युवती के साथ दुष्कर्म किया और विरोध पर पत्नी की मौजूदगी में डंडे से पीटकर उसकी हत्या कर दी। बाद में शव को सूटकेस में भरकर खेत में फेंक दिया गया।
सबूत बरामद, जांच जारी
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त डंडा, मृतका का मोबाइल फोन, अन्य मोबाइल और दस्तावेज बरामद किए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि दंपती घरेलू सहायिकाओं से जबरन कम काम लेकर उन्हें उचित भुगतान नहीं करता था।
पुलिस का बयान
अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या इस गिरोह से जुड़े अन्य लोग भी इस तरह की गतिविधियों में शामिल रहे हैं।







