रोहतक। गांव कबूलपुर में मंगलवार को एक पिता ने अपने चार बच्चों को जहर दे दिया, जिनमें से तीन बच्चों लिसिका (10), दीक्षा (7) और मासूम देव (14) की मौत हो गई। हिना (8) को चिकित्सकों ने खतरे से बाहर बताया है, लेकिन उसे गहन चिकित्सा निगरानी में रखा गया है। आरोपित पिता 33 वर्षीय सुनील लापता है। उसने फोन पर अपनी पत्नी को आत्महत्या करने की बात कही है। इसके बाद से फोन बंद आ रहा है। पुलिस उसकी मोबाइल लोकेशन से उसकी तलाश कर रही है। पुलिस (Haryana Police) की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पेशे से फर्नीचर मिस्त्री सुनील कमेटी सिस्टम में काफी रुपये की देनदारी में फंसा था।
वो इन दिनों झज्जर में एक फर्नीचर शोरूम में काम करता था। मंगलवार को सुनील सुबह काम पर चला गया था, लेकिन दोपहर को उस समय लौट आया जब उसकी मां और पत्नी घर पर नहीं थे। सुनील की मां कुनबे के लोगों के साथ रिश्तेदारी में शोक जताने गई थी। वहीं सुमन गांव के ही खेतों में धान कटाई की दिहाड़ी पर गई थी। कबूलपुर गांव में वर्ष 2009 में भी परिवार की अपनों के ही द्वारा जान लेने की घटना हो चुकी है। इसमें गांव की एक युवती ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने परिवार के सात लोगों की जान ली थी।







