विश्वास को तोड़ते हुए युवक ने पांचवीं मंजिल से युवती को फेंका
उत्तर-पूर्वी दिल्ली। अशोक नगर में 19 वर्षीय युवती की दर्दनाक मौत से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। आरोपी तौफीक पर आरोप है कि उसने युवती को बहला-फुसलाकर पांचवीं मंजिल पर बुलाया और वहां से नीचे फेंक दिया। वारदात के बाद वह फरार हो गया, लेकिन पुलिस ने उसे उत्तर प्रदेश के टांडा (रामपुर) से गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस की रिपोर्ट के अनुसार, युवती और तौफीक के बीच पहले दोस्ती थी। आरोपी अक्सर पीड़िता के घर आता-जाता था और उसके परिवार के साथ घुला-मिला रहता था। परिजनों का दावा है कि युवती उसे राखी बांधती थी और वह उसे भाई समान मानती थी।
बीते कुछ समय से युवती ने तौफीक से दूरी बनानी शुरू कर दी थी, जिससे वह नाराज़ हो गया। सोमवार सुबह वह बुर्का पहनकर चोरी-छिपे बिल्डिंग में घुस गया और पीड़िता को फोन कर छत पर बुलाया। जैसे ही वह पहुंची, आरोपी ने उसे कथित रूप से पांचवीं मंजिल से धक्का दे दिया।
घटना के तुरंत बाद लड़की को नाजुक हालत में जीटीबी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसे वेंटिलेटर पर रखा गया। इलाज के दौरान देर रात उसकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। विश्व हिंदू परिषद सहित कई संगठनों के कार्यकर्ता पीड़िता के घर पहुंचे और प्रदर्शन किया। मंगलवार को मंडोली रोड स्थित बाजार बंद रहे। हालात को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई।
डीसीपी आशीष मिश्रा ने जानकारी दी कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छह टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने यूपी के कई जिलों में छापेमारी की और अंततः टांडा (रामपुर) से तौफीक को पकड़ लिया गया।
एक मासूम रिश्ते को कलंकित कर तौफीक ने जो किया, उसने न सिर्फ एक जान ली बल्कि एक पूरे परिवार का भरोसा तोड़ दिया। पीड़िता के परिजन न्याय की गुहार लगा रहे हैं और समाज में इस तरह के मामलों पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। यह घटना एक बार फिर इस बात की याद दिलाती है कि रिश्तों में छुपे खतरे को पहचानना और सतर्क रहना बेहद ज़रूरी है।







