देहरादून। आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए दून पुलिस की ओर से चलाए जा रहे अभियान के तहत विकासनगर पुलिस ने जिला बदर किए गए एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी को छह महीने के लिए जिले की सीमा से बाहर रहने का आदेश दिया गया था, लेकिन वह निर्धारित अवधि पूरी होने से पहले ही वापस देहरादून पहुंच गया। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून ने सभी थाना प्रभारियों को अपने क्षेत्रों में सक्रिय अपराधियों, संदिग्ध व्यक्तियों और गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल लोगों पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं। इसी अभियान के तहत विकासनगर कोतवाली पुलिस को जिला बदर आरोपी की जिले में मौजूदगी की जानकारी मिली।
जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी राहुल कश्यप (22) पुत्र गोपाल कश्यप निवासी कश्यप मोहल्ला, विकासनगर को मलुकावाला स्थित नशा मुक्ति केंद्र के बाहर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, जिला मजिस्ट्रेट देहरादून ने 4 मई 2026 को आरोपी को गुंडा अधिनियम के तहत छह महीने के लिए जिला बदर करने का आदेश दिया था। इसके बावजूद वह प्रतिबंधित अवधि पूरी होने से पहले ही जिले में लौट आया और यहां रह रहा था।
इस मामले में विकासनगर कोतवाली में मुकदमा संख्या 336/2026 के तहत गुंडा नियंत्रण अधिनियम 1970 की धारा 3(1)/10 में केस दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी का आपराधिक इतिहास भी रहा है। उसके खिलाफ वर्ष 2023 से 2025 के बीच आर्म्स एक्ट, चोरी, आबकारी अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता से संबंधित कई मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी के खिलाफ पूर्व में सात आपराधिक मामले दर्ज थे, जबकि जिला बदर के आदेश का उल्लंघन करने पर अब आठवां मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस के मुताबिक, पूर्व के मामलों में आरोपी जमानत पर चल रहा था।







