जयपुर। राजस्थान में 2021 में हुई सब-इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती परीक्षा में पेपर लीक मामले की जांच लगातार तेज़ होती जा रही है। इसी कड़ी में एटीएस और एसओजी की संयुक्त कार्रवाई के तहत तीन प्रोबेशनर सब-इंस्पेक्टर्स को गिरफ्तार किया गया है।
एडीजी (एटीएस एवं एसओजी) वी.के. सिंह ने बताया कि जांच के दौरान ऐसे पुख्ता साक्ष्य मिले, जिनसे साबित हुआ कि इन तीनों चयनित अधिकारियों ने परीक्षा से पहले सॉल्वड पेपर प्राप्त कर लाभ उठाया था।
गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में शामिल हैं:
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परमेश चौधरी (26), जयपुर ग्रामीण के सांभर क्षेत्र से, जो टोंक पुलिस लाइन में प्रोबेशन पर था।
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मनोहर सिंह (25), जालौर जिले के करड़ा थाना क्षेत्र से, जो कोटा शहर पुलिस लाइन में तैनात था।
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मनोहरलाल (26), भीनमाल, जालोर से, जो सिरोही पुलिस लाइन में प्रोबेशनर के रूप में नियुक्त था।
तीनों को एसओजी टीम ने हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि इन सभी ने पेपर लीक गिरोह से संपर्क कर परीक्षा से पहले हल किया हुआ प्रश्नपत्र प्राप्त किया और उसी के आधार पर परीक्षा में सफलता हासिल की।
गिरफ्तार आरोपियों की मेरिट रैंकिंग भी उल्लेखनीय रही — मनोहर सिंह को 38वां, परमेश चौधरी को 180वां और मनोहरलाल को 171वां स्थान मिला था।
अब तक इस मामले में 59 एसआई समेत कुल 130 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। एसओजी का कहना है कि वे इस पूरे रैकेट को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध हैं और दोषियों को हर हाल में न्याय के दायरे में लाया जाएगा।







