बहादराबाद। टोल टैक्स की फर्जी रसीद देने और विरोध करने पर मेरठ के सिपाही और उसके परिवार की पिटाई करना बहादराबाद टोल प्लाजा कर्मचारियों को भारी पड़ गया। एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर हरकत में आई पुलिस ने थानाध्यक्ष नरेश राठौड़ के नेतृत्व में आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। 24 घंटे के भीतर टोल प्लाजा के मैनेजर समेत 10 कर्मचारियों को गिरफ्तार भी कर लिया। कोर्ट में पेश कर आरोपितों को जेल भेज दिया गया है।
आरोप है कि बीचबचाव कराने पर उनकी पत्नी व बच्चों से साथ भी मारपीट की गई। तब पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की। बहादराबाद थानाध्यक्ष नरेश राठौड़ ने पीड़ित से बातचीत कर आला अधिकारियों को पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया। एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने धोखाधड़ी कर फर्जी रसीद देने और मारपीट कर मोबाइल आदि लूटने के आरोप में बलवा, लूट आदि धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया। मामले की जांच उपनिरीक्षक चरण सिंह चौहान को सौंपी।
घटनास्थल का निरीक्षण कर सीसीटीवी फुटेज देखने, पीड़ित परिवार के बयान व मुखबिर की सूचना पर राधिका इन्कलेव निकट टोल प्लाजा से वीर सिंह से छीने गए मोबाइल समेत 10 आरोपितों को पुलिस टीम ने गिरफ्तार कर लिया। बहादराबाद थानाध्यक्ष नरेश राठौड़ ने बताया कि गिरफ्तार आरोपितों में टोल प्लाजा का मैनेजर भी शामिल है। आरोपितों को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक चरण सिंह चौहान, हेड कांस्टेबल विनोद चौहान, कांस्टेबल सुनील चौहान और विकास थापा शामिल रहे।
गिरफ्तार आरोपितों ने अपने नाम मैनेजर राजेंद्र मौर्या निवासी बेनीगंज प्रयागराज (उत्तर प्रदेश), अतुल कुमार निवासी परसीय थाना बिसौली (जिला बदांयू), आशीष निवासी जन्धेडा रामपुर मनिहारान सहारनपुर, कुमार गौरव निवासी हथहोवा झिझांना शामली (उत्तर प्रदेश), मोनू यादव निवासी इस्लामपुर नालंदा (बिहार), प्रदीप मिश्रा जिला रीवा मध्य प्रदेश, अमरदीप निवासी फूलपुरा भिवानी (हरियाणा), शिवम कुमार निवासी वदान थाना नगला खंगर आगरा, गगन कुमार निवासी सहजना मनिहारान जिला सहारनपुर, नवनीत निवासी सलारपुर गंगोह जिला सहारनपुर (उत्तर प्रदेश) बताए।







