पुलिस ने एक ही परिवार के 5 लोगों को किया गिरफ्तार, परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही के लगाए आरोप
नई दिल्ली। दिल्ली के सीमापुरी इलाके में देर रात 22 वर्षीय युवक नफीस की चाकू और पेचकस से बेरहमी से हत्या कर दी गई। घटना की वजह को लेकर दो पहलू सामने आए हैं—एक ओर जहां पुलिस इसे लेन-देन से जुड़ा विवाद बता रही है, वहीं परिजनों का दावा है कि नफीस पर नशे के कारोबार से जुड़े लोगों ने बदले की भावना से हमला किया, क्योंकि उन्हें शक था कि नफीस ने उनके खिलाफ वीडियो वायरल किया था।
घटना शुक्रवार रात करीब 11:30 बजे न्यू सीमापुरी, ई-ब्लॉक, बंगाली बस्ती में हुई। मृतक नफीस इलाके में चाय का खोखा चलाता था। आरोप है कि कुछ दिनों पहले इलाके में नशे के अवैध कारोबार से जुड़े एक वीडियो के वायरल होने के बाद से नफीस पर संदेह किया जा रहा था। इसी रंजिश में आरोपी दिनभर उससे उलझते रहे और रात में उस पर घातक हमला कर दिया।
हमले में पेचकस को नफीस की नाक में गहराई तक घोंपा गया और चाकू से पेट में वार किया गया। घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। घटना की सूचना पुलिस को रात 12:15 बजे मिली।
पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर हत्या का मामला दर्ज किया और एक ही परिवार के पांच आरोपियों—सोहेल (20), उसका भाई शेख इस्लाम (27), जीजा नदीम उर्फ नजरूल (43), मां सलमा बेगम (55) और मामूनी (32)—को गिरफ्तार कर लिया है। शाहदरा के डीसीपी प्रशांत गौतम के अनुसार, प्राथमिक जांच में घटना का कारण पैसों को लेकर चल रहा विवाद सामने आया है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
शनिवार दोपहर परिजनों ने पोस्टमार्टम के बाद शव को दिलशाद गार्डन स्थित लेबर चौक पर रखकर जाम लगा दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस की लापरवाही के कारण क्षेत्र में नशे का अवैध धंधा पनप रहा है, जिसके चलते यह हत्या हुई। करीब दो घंटे तक सड़क पर शव रखकर विरोध जारी रहा। बाद में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के आश्वासन के बाद परिजन शव लेकर वहां से हटे।







