जालंधर (पंजाब)- जालंधर के बस्ती दानिशमंदा क्षेत्र में नशे के अवैध धंधे के खिलाफ आवाज उठाना एक परिवार को भारी पड़ गया। शिवाजी नगर इलाके में नशा कारोबार से जुड़े लोगों ने शिकायत करने वाले परिवार को निशाना बनाते हुए हिंसक हमला कर दिया। इस हमले में एक गर्भवती महिला के परिजन सहित कई स्थानीय लोग घायल हो गए।
घटना शुक्रवार देर रात की बताई जा रही है, जब अचानक कुछ युवकों ने तेजधार हथियारों, ईंटों और पत्थरों से हमला कर इलाके में दहशत फैला दी। हमले के दौरान सड़क किनारे मौजूद दुकानदार और राहगीर भी चपेट में आ गए। हालात ऐसे हो गए कि देर रात तक मोहल्ले में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्होंने एक दिन पहले ही स्थानीय थाने में नशा तस्करों के खिलाफ लिखित शिकायत दी थी। आरोप है कि शिकायत के बावजूद पुलिस की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, जिससे आरोपियों के हौसले और बढ़ गए। परिवार का दावा है कि पुलिस की निष्क्रियता के कारण ही हमलावरों ने दोबारा हिंसा की।
गर्भवती महिला ने बताया कि इलाके में खुलेआम नशा बेचने वाले युवक उसके पति को नशे की लत लगाने की कोशिश कर रहे थे। पति को इस दलदल से बाहर निकालने के लिए उसने पुलिस का सहारा लिया, लेकिन यही कदम तस्करों को नागवार गुजरा और उन्होंने बदले की कार्रवाई शुरू कर दी।
परिजनों का आरोप है कि इससे पहले भी झगड़े की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी और समझौता कराकर लौट गई थी। पुलिस के जाते ही आरोपियों ने फिर हमला बोल दिया। पीड़ितों का कहना है कि पूरी घटना मोबाइल कैमरे में रिकॉर्ड हुई है, जिसमें आरोपी खुलेआम धमकियां देते और हमला करते नजर आ रहे हैं।
घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्रीय राजनीतिक नेता भी मौके पर पहुंचे और पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू करने और आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया है। इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीं पीड़ित परिवार का कहना है कि जब तक दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनकी और उनके बच्चों की सुरक्षा खतरे में बनी रहेगी।







