श्रीनगर – जम्मू-कश्मीर में काउंटर इंटेलिजेंस यूनिट ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक संगठित साइबर धोखाधड़ी नेटवर्क का खुलासा किया है। इस ऑपरेशन के दौरान सात लोगों को हिरासत में लिया गया, जो कथित तौर पर एक गुप्त कॉल सेंटर के जरिए देश-विदेश के लोगों को निशाना बना रहे थे।
जांच एजेंसियों के अनुसार, यह गिरोह आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल कर खुद को वैध सेवा प्रदाता के रूप में पेश करता था और लोगों को झांसे में लेकर ठगी करता था। शुरुआती जांच में संकेत मिले हैं कि इस नेटवर्क के तार कई विदेशी देशों तक फैले हुए हैं और बड़ी रकम का लेनदेन हुआ है।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए हैं, जिनमें मोबाइल फोन, लैपटॉप, इंटरनेट कॉलिंग सिस्टम और अन्य डिजिटल डिवाइस शामिल हैं। इन उपकरणों का इस्तेमाल कॉल ऑपरेशन और ऑनलाइन धोखाधड़ी को अंजाम देने के लिए किया जा रहा था।
अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी इंटरनेट आधारित कॉलिंग तकनीक और फर्जी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों से संपर्क करते थे। जैसे ही कोई व्यक्ति इनके जाल में फंसता, उससे पैसे अलग-अलग डिजिटल माध्यमों से ट्रांसफर कराए जाते थे, जिससे ट्रैक करना मुश्किल हो जाता था।
फिलहाल मामले में विस्तृत जांच जारी है। जब्त किए गए उपकरणों की फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह एक बड़ा और सुनियोजित साइबर अपराध नेटवर्क है, जिसे पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।







