कानपुर: उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की सहायक अध्यापक प्रशिक्षित स्नातक (टीजीटी) परीक्षा के दौरान नकल और सॉल्वर गिरोह का मामला सामने आया है। शनिवार को कैंट थाना क्षेत्र स्थित एक परीक्षा केंद्र पर एक युवती को दूसरे अभ्यर्थी की जगह परीक्षा देते हुए पकड़ा गया।
घटना एबी विद्यालय परीक्षा केंद्र की है, जहां परीक्षा शुरू होने के बाद आंतरिक फ्लाइंग स्क्वाड और पर्यवेक्षकों ने परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्र और पहचान पत्रों की सख्ती से जांच शुरू की। इसी दौरान एक परीक्षार्थी की गतिविधियां संदिग्ध पाई गईं। जांच में उसके दस्तावेजों में गड़बड़ी सामने आई।
कड़ाई से पूछताछ करने पर युवती ने स्वीकार किया कि वह वास्तविक अभ्यर्थी नहीं है और किसी अन्य उम्मीदवार के स्थान पर परीक्षा देने पहुंची थी। पकड़ी गई सॉल्वर की पहचान रेनू यादव के रूप में हुई है।
मामले की जानकारी मिलते ही केंद्र प्रशासन ने कैंट थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर युवती को हिरासत में ले लिया। प्रारंभिक पूछताछ में यह सामने आया है कि यह मामला सुनियोजित तरीके से सॉल्वर बैठाने से जुड़ा हो सकता है।
फिलहाल पुलिस यह जांच कर रही है कि असली अभ्यर्थी कौन है और सॉल्वर को परीक्षा में बैठाने के पीछे किस गिरोह की भूमिका है।







