पीड़ित धर्मप्रीत सिंह वासी भड़ाना ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि उसकी बुआ परमजीत कौर वासी चूचक का बेटा अर्शदीप उर्फ आकाश तीन दिन पूर्व किसी की लड़की को भगाकर उनके घर रहने आ गया। इन्होंने उसे अपने घर में पनाह नहीं दी। आकाश जाते समय उन्हें भला बुरा बोलकर गया और धमकियां देकर गया। यही नहीं आकाश की मां परमजीत कौर ने भी उन्हें धमकियां दी।
28 फरवरी सुबह तीन बजे आकाश उनके घर की दीवार फांद कर अंदर घुसा। उसके बाद उसने धर्मप्रीत व उसकी पत्नी पूनम पर पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी और वहां से भाग गया। पीड़ितों की आवाज सुनकर पड़ोसी पहुंचे और आग बुझाई। फिर उन्हें स्थानीय अस्पताल में दाखिल करवाया, जहां डाक्टरों ने उनकी नाजुक हालत देख उन्हें फरीदकोट के मेडिकल कालेज में रेफर किया। थाना मल्लांवाला पुलिस ने धर्मप्रीत सिंह के बयान पर आरोपी आकाश और उसकी मां परमजीत कौर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। दोनों आरोपी फरार हैं।







