शिमला। शिमला जिले के जुब्बल थाना क्षेत्र में दर्ज चिट्टा तस्करी मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिससे अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क का खुलासा हुआ है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान तरुण ठाकुर (33) के रूप में हुई है, जो सिरमौर जिले का निवासी है और रोहड़ू स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया शाखा में लोन मैनेजर के पद पर कार्यरत था।
पुलिस जांच में सामने आया है कि तरुण ठाकुर चिट्टा (हेरोइन) की खरीद-फरोख्त में सक्रिय रूप से शामिल था और उसका सीधा संपर्क पंजाब के अमृतसर निवासी मुख्य सप्लायर लुकास उर्फ लकी से था। दोनों के बीच ऑनलाइन माध्यम से पैसों का लेन-देन भी हुआ, जिससे इस नेटवर्क की पुष्टि हुई।
इस मामले की शुरुआत 9 फरवरी 2026 को हुई थी, जब पुलिस ने एक महिला को 13.46 ग्राम चिट्टा के साथ गिरफ्तार किया था। इसके बाद जांच के दौरान 17 मार्च को मुख्य सप्लायर लुकास को पकड़ा गया, जबकि 6 अप्रैल को तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अब 16 अप्रैल को तरुण ठाकुर की गिरफ्तारी के साथ इस नेटवर्क से जुड़े कुल छह आरोपियों को पुलिस हिरासत में ले चुकी है।
पुलिस के अनुसार, यह एक संगठित अंतरराज्यीय नेटवर्क था, जिसमें पंजाब से नशे की सप्लाई और हिमाचल में उसकी सप्लाई-चेन संचालित हो रही थी। इस कार्रवाई से एक बड़े ड्रग रैकेट को तोड़ने में सफलता मिली है।
एसएसपी शिमला ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि नशे के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। आरोपी को अदालत में पेश किया जा रहा है और मामले में आगे की जांच जारी है। पुलिस ने युवाओं से अपील की है कि नशे से दूर रहें, क्योंकि यह समाज के लिए गंभीर खतरा है।







