नौकरी को लेकर चल रहा था विवाद
उत्तर प्रदेश। मुरादाबाद के पाकबड़ा थाना क्षेत्र के फलैदा गांव में पति-पत्नी की आत्महत्या की दर्दनाक घटना सामने आई है। घरेलू विवाद और आपसी तनाव ने देखते ही देखते दो जिंदगियों को खत्म कर दिया। पत्नी ने रविवार रात कीटनाशक खाकर जान दे दी, जबकि घटनाक्रम से टूटे पति ने सोमवार सुबह रेल ट्रैक पर कूदकर अपनी जिंदगी समाप्त कर ली। कुछ ही घंटों के अंतराल में हुए इस दोहरे हादसे ने पूरे गांव को सदमे में डाल दिया है।
परिवार और पुलिस के मुताबिक, फलैदा गांव निवासी 35 वर्षीय अमीर चंद्र खेती और राजमिस्त्री का काम करता था। उसकी पत्नी मीरा कुमारी (30) दो साल से लोधीपुर स्थित एक पीतल फैक्ट्री में नौकरी कर रही थी। बताया जाता है कि मीरा घर की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए काम करना चाहती थी, मगर अमीर उसकी नौकरी पर सहमत नहीं था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अकसर बहस होती रहती थी।
रविवार शाम फिर इसी मुद्दे पर दोनों के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। विवाद बढ़ने पर मीरा ने गुस्से में घर में रखा कीटनाशक पी लिया। परिजन उसे तुरंत टीएमयू अस्पताल ले गए, लेकिन रात करीब 12 बजे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव कब्जे में लिया, बाद में परिजन उसे घर ले गए।
पत्नी की मौत की खबर से टूट चुके अमीर चंद्र ने सोमवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे गांव के पास मुरादाबाद–दिल्ली रेल लाइन पर पहुंचकर गुजरती ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। ट्रेन के गुजरने के बाद ग्रामीणों ने शव के टुकड़े देख पुलिस को सूचना दी। जीआरपी अमरोहा ने मौके पर पहुंचकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पुलिस के अनुसार दंपती के दो छोटे बच्चे—माधव (6) और वासु (4)—अब पूरी तरह अनाथ हो गए हैं। दोनों अपने बच्चों के भविष्य के लिए चिंतित थे, लेकिन भावनाओं और अवसाद के बीच वे एक-दूसरे की बात समझ नहीं सके, जिसकी कीमत पूरी परिवार को चुकानी पड़ी।
एसपी सिटी कुमार रण विजय सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में नौकरी को लेकर विवाद की बात सामने आई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मीरा की मौत कीटनाशक पीने से होने की पुष्टि हुई है। पुलिस मामले की गहन विवेचना में जुटी है।







