उत्तर प्रदेश। मुजफ्फरनगर में पांच साल पहले दिवाली की रात किनौनी गांव में अजय कुमार की हत्या के मामले में अदालत ने पिता और उसके तीन बेटों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायालय संख्या-06 के पीठासीन अधिकारी शाकिर हसन ने फैसला सुनाया।
सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी नीरजकांत मलिक ने बताया कि सात नवंबर 2018 की रात शाहपुर थाना क्षेत्र के किनौनी गांव में अजय अपने चचेरे भाई टीनू के साथ घर से घेर में जा रहा था। रात में गांव के तीन सगे भाई अरविंद, पंकज और प्रदीप आतिशबाजी कर रहे थे। इस बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हो गई। इस बीच अजय की तमंचे से गोली मारकर हत्या कर दी गई। टीनू भी हमले में घायल हुआ।
पीड़ित पक्ष ने तीनों सगे भाइयों के अलावा इनके पिता राजेश के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया। प्रकरण की सुनवाई अपर सत्र न्यायालय संख्या-06 में हुई। अदालत ने बृहस्पतिवार को चारों आरोपियों पर दोष सिद्ध करते हुए सजा सुनाई। दोषी सगे भाई प्रदीप, पंकज, अरविंद और इनके पिता राजेश को आजीवन कारावास 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। धारा 506 में दो-दो साल का कारावास और एक-एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। दोषी पंकज और प्रदीप को आर्म्स एक्ट में तीन-तीन साल के कारावास और दो-दो हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।







