फतेहपुर। बच्चों को जहर खिलाने के बाद महिला के जान देने की घटना से सभी हतप्रभ हैं। घटना की जानकारी फैलते ही आसपास गांव के लोगों की हरिचंद्रखेड़ा गांव में भीड़ लग गई। इसी दौरान मायका पक्ष पहुंचा। ससुरालियों पर हत्या का आरोप लगाकर हंगामा करने लगे। इस दौरान ससुरालियों के पक्ष में ग्रामीण एकजुट हो गए। पक्षों में तकरार के बाद अचानक मारपीट और पथराव हुआ। मृतका के मायके से भाई बलवंत कुछ लोगों के साथ दो गाड़ियों से पहुंचे। इनमें महिलाएं भी थीं। भाई और अन्य लोगों ने ससुरालियों पर बहन की हत्या कर शव फंदे पर लटकाने का आरोप लगाया। मायके पक्ष के लोगों ने पति विनोद को नशेड़ी और आशिक मिजाज होना बताया।
विरोध करने पर मायके पक्ष के लोग हमलावर हो गए। यह देखते ही विनोद के पक्ष में परिवार और गांव के लोग एकजुट हो गए। गनीमत रही कि पुलिस इस दौरान मौजूद री। इससे बड़ी घटना टली । मृतका के भाई ने बताया कि बहन की शादी 2008 में की थी। शादी के बाद से ही बहन को ससुराल वाले प्रताड़ित करते थे। कई बार समझौता हुआ। 2018 में बहन को पीटा गया था। मामला थाने तक पहुंचा था। शनिवार की रात भी पति, सास, चचेरे ससुर, जेठ सुरेश, देवर पत्तर पाल ने बहन को पीटा था, इससे उसके सिर में चोट आई। प्रताड़ना के चलते सरला ने आत्महत्या की और बेटे को भी जहर खिलाया है।
मां और भाई की मौत से बेटी आंशी और अंश दहशत में हैं। आंशी ने बताया कि भाई अंश को मां ने भैंस का खूंटा बदलने के लिए कहा था। काम न करने पर मां ने भाई को पीटा था। परिवार में रात 12 बजे तक कहासुनी हुई। मां से दादी का विवाद हुआ था। दादा पत्तर का चश्मा तक मां ने छीन लिया था। पिता भी आए थे और मां के साथ मारपीट की थी। मां ने सुबह दो बार किसी को फोन किया। उसे और आदर्श को गुड़ खिलाकर दादी के पास भेज दिया था। इसी दौरान परिवार के लोग बच्ची की बात पर टोकाटाकी करते नजर आए। मृतका के मोबाइल से नंबर, मैसेज, फोटो भी डिलीट मिले। घटना के बाद गांव की महिलाओं में चर्चा रही कि उन्हें यकीन नहीं हो रहा सरला इतना बड़ा कदम उठा सकती है। वह किसी से झगड़ती नहीं थी। इसके बाद भी परिवार पति, पत्नी और सास के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। पति विनोद काम पर बाहर चला जाता था। यहां सरला और उसकी सास के बीच विवाद होता रहता था।
बता दें कि घरेलू विवाद से ऊबकर रविवार भोर महिला दो बच्चों को जहरीला पदार्थ खिलाकर फंदे से लटक गई। एक बच्चे की जहर उगलने से जान बच गई, जबकि दूसरे की कानपुर लेकर जाते समय मौत हो गई। मायके पक्ष के लोग पहुंचे। मायके और ससुरालीजनों के बीच पुलिस के सामने विवाद हो गया।दोनों पक्ष के बीच मारपीट और पथराव भी हुआ। पुलिस ने पक्षों को जल्द ही शांत कर लिया। मृतका के भाई की तहरीर पर पुलिस ने पति समेत पांच के खिलाफ आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का मुकदमा दर्ज किया है। औंग थाना क्षेत्र के हरिचंद्रखेड़ा निवासी विनोद पाल घाटमपुर के पनेरूवा गांव में पेटिंग और पीओपी का काम करता है।







