ग्रेटर नोएडा- सुशांत गोल्फ सिटी इलाके में शुक्रवार रात एक मॉल में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक महिला डॉक्टर और उसके साथियों के साथ मॉल के बाउंसरों ने मारपीट कर दी। मामूली विवाद ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया, जिसमें एक युवक ने बचाव में हवाई फायरिंग की। हालांकि, घटना के बाद पुलिस ने उल्टा पीड़ित पक्ष के चारों लोगों को जेल भेज दिया, जिससे मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
क्या था मामला?
जानकारी के अनुसार, कन्नौज में तैनात डॉक्टर स्वाति शुक्रवार रात अपने मंगेतर प्रिंस वर्मा और दो अन्य दोस्तों रोहित पटेल (संतकबीरनगर) और हर्ष मिश्रा (लखनऊ) के साथ पलासियो मॉल में मौजूद थीं। सभी लोग मॉल के एक बार में पार्टी कर रहे थे। बताया जा रहा है कि पार्किंग टोकन खोने को लेकर बाउंसरों से कहासुनी शुरू हुई, जो जल्दी ही मारपीट में बदल गई।
सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के वीडियो के अनुसार, मॉल के गेट पर बाउंसरों ने महिला डॉक्टर और उसके साथियों को घेरकर लाठियों से हमला किया, और उनकी कार में भी तोड़फोड़ की।
बचाव में चली गोली, फिर गिरफ्तारी
बचाव के दौरान हर्ष मिश्रा ने रोहित पटेल की लाइसेंसी पिस्टल से हवाई फायरिंग की, जिससे एक बाउंसर अनुज चौधरी के हाथ को गोली छूकर निकल गई और वह मामूली रूप से घायल हो गया।
इसके बाद बाउंसर की तहरीर पर पुलिस ने डॉक्टर स्वाति, प्रिंस, रोहित और हर्ष के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर चारों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनके पास से एक लाइसेंसी पिस्टल, दो मैगजीन, पांच कारतूस और दो खोखे बरामद किए हैं। उनकी कार भी सीज कर दी गई है।
परिजनों ने लगाए पुलिस पर पक्षपात के आरोप
महिला डॉक्टर के परिजनों का आरोप है कि घटना के तुरंत बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उनकी कोई तहरीर नहीं ली, और उल्टा उन्हें ही दोषी ठहराकर जेल भेज दिया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि बाउंसरों की ओर से पहले हमला किया गया, लेकिन पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई की।
वीडियो वायरल, पुलिस पर बढ़ा दबाव
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है, जिसमें साफ देखा जा सकता है कि बाउंसरों की बड़ी संख्या ने महिला और युवकों को घेरकर पीटा। इसके बाद पुलिस पर दबाव बढ़ने लगा और अधिकारियों ने मामले का संज्ञान लिया।
डीसीपी साउथ निपुण अग्रवाल ने बयान दिया है कि वायरल वीडियो के आधार पर बाउंसरों की पहचान कर उनके खिलाफ भी FIR दर्ज की जा रही है। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी और दोषियों पर कार्रवाई होगी।







