नई दिल्ली- बाहरी दिल्ली जिले में सक्रिय एक अंतरराज्यीय वाहन चोरी गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह दिल्ली-एनसीआर से चोरी की गई गाड़ियों को हरियाणा के मेवात इलाके में ले जाकर उनके पुर्जे अलग करता था और बाद में उन्हें मायापुरी स्थित स्क्रैप बाजार में खपाता था। पुलिस कार्रवाई में गिरोह से जुड़े पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें चार वाहन चोर और एक कलपुर्जे निकालने वाली यूनिट का संचालक शामिल है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से तीन स्कूटी, दो मोटरसाइकिल, एक मिनी ट्रक, पांच ट्रकों के चोरी किए गए ईसीएम (इलेक्ट्रॉनिक कंट्रोल मॉड्यूल) और वारदात में इस्तेमाल एक ट्रक बरामद किया है।
बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा के अनुसार, 16 दिसंबर की रात मुंडका मेट्रो स्टेशन क्षेत्र में गुप्त सूचना के आधार पर नाकेबंदी की गई थी। इसी दौरान एक संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने भागने की कोशिश की। पीछा कर वाहन को रोका गया और उसमें सवार शिवा कुशवाहा, विक्रम, मोहित और मोहम्मद हाफिज को हिरासत में लिया गया। जांच में सामने आया कि यह ट्रक सागरपुर इलाके से चोरी किया गया था।
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि वे बिलासपुर और मेवात क्षेत्र से ईसीएम चोरी करने के साथ-साथ दिल्ली-एनसीआर से व्यावसायिक वाहनों को निशाना बनाते थे। चोरी की गई गाड़ियों को मेवात ले जाकर उनके पुर्जे अलग किए जाते थे और फिर उन्हें मायापुरी के स्क्रैप बाजार में बेचा जाता था।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने इरफान नामक व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया है, जो मेवात में वाहनों को काटने-छांटने की अवैध यूनिट चला रहा था। पुलिस का कहना है कि पूरे नेटवर्क की कड़ियों को खंगाला जा रहा है और आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।






